समर्थक

बुधवार, 6 जून 2012

पैसे निकाल

images (13)

चोर चाकू दिखाते हुए यात्री से, “अबे, तेरे पैसे निकाल।”

आदमी, “अबे तू जानता है मैं कौन हूं?”

“कौन?”

“मैं नेता हूं।”

चोर, “अच्छा! तो फिर मेरे पैसे निकाल …!”

मंगलवार, 5 जून 2012

दुखी खदेरन

2cftis_th.jpgउस दिन खदेरन बहुत दुखी था। हर तरफ़ से निराशा उसके हाथ लगी थी। निराशा की पराकाष्ठा की स्थिति में उसके मुंह से निकला, “ऐसी ज़िन्दगी से तो मौत अच्छी।”

अचानक वहां यमदूत प्रकट हुआ और अट्टहास करने लगा, “हा-हा-हा-हा…”

खदेरन ने उसकी ओर देखा और पूछा, “तुम कौन और क्या लेने आए हो?”

“मैं यम दूत और तुम्हारी जान लेने आया हूं।”

“क्यों?”

“अभी तो तुमने कहा था ‘ऐसी ज़िन्दगी से तो मौत अच्छी’ …।”

“लो कर लो बात! अब दुखी आदमी मज़ाक़ भी नहीं कर सकता।”

सोमवार, 4 जून 2012

बीच में

2v1q3xz_th.jpgखदेरन का दोस्त पलटू खदेरन से, “मैं कुछ भी काम करता हूं, तो मेरी बीवी बीच में आ जाती है।”

खदेरन अपने दोस्त पलटू से, “यार तू ट्रक चला कर देख।”